देश : पेपर लीक और परीक्षा में होने वाली गड़बड़ियों को रोकने के लिए परीक्षा व्यवस्था में बड़े बदलाव की तैयारी की जा रही है। केंद्र सरकार की ओर से गठित नीलेकणि टास्क फोर्स ने परीक्षा प्रणाली को ज्यादा सुरक्षित, पारदर्शी और भरोसेमंद बनाने के लिए आम लोगों और संबंधित पक्षों से सुझाव मांगे हैं। लोग अपने सुझाव 13 सितंबर तक दे सकेंगे।
टास्क फोर्स का फोकस ऐसी व्यवस्था तैयार करने पर है, जिसमें प्रश्नपत्र लीक होने, परीक्षा केंद्रों पर नकल, फर्जी उम्मीदवारों की एंट्री और परीक्षा प्रक्रिया से जुड़ी दूसरी अनियमितताओं की गुंजाइश कम से कम हो। इसके लिए मौजूदा परीक्षा सिस्टम की कमियों की पहचान करने के साथ-साथ तकनीक के बेहतर इस्तेमाल पर भी विचार किया जा रहा है।
परीक्षा प्रक्रिया में डिजिटल तकनीक, सुरक्षित डेटा मैनेजमेंट और निगरानी व्यवस्था को मजबूत करने जैसे विकल्पों पर चर्चा हो सकती है। सुझाव मिलने के बाद टास्क फोर्स इनका अध्ययन करेगी और परीक्षा व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए अपनी सिफारिशें तैयार कर सकती है।
पेपर लीक के मामलों के कारण प्रतियोगी परीक्षाओं की विश्वसनीयता को लेकर छात्रों और अभिभावकों में चिंता बढ़ी है। कई परीक्षाओं में पेपर लीक या अन्य गड़बड़ियों के आरोप सामने आने के बाद परीक्षा व्यवस्था में सुधार की मांग लगातार उठती रही है। ऐसे में टास्क फोर्स की ओर से सुझाव मांगना महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
अब आम लोगों, छात्रों, शिक्षकों, परीक्षा विशेषज्ञों और अन्य संबंधित पक्षों के सुझावों के आधार पर परीक्षा प्रणाली में बदलाव की रूपरेखा तैयार की जाएगी। माना जा रहा है कि आने वाले समय में परीक्षा आयोजित करने से लेकर प्रश्नपत्र की सुरक्षा और परिणाम जारी करने तक पूरी प्रक्रिया को ज्यादा मजबूत बनाने पर जोर दिया जाएगा।
